ग्रेनो की बागेश्वर धाम कथा ने कलश यात्रा का भी बनाया दूसरा विश्व रिकॉर्ड

ग्रेनो की बागेश्वर धाम कथा ने कलश यात्रा का भी बनाया दूसरा विश्व रिकॉर्ड

ग्रेटर नोएडा। बागेश्वर धाम सरकार के पीठाधीश्वर आचार्य धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री द्वारा सोमवार 10 जुलाई से दिव्य कथा का आयोजन शुरू होना है। हो रही इस कथा में रविवार को वर्षा होने के बावजूद इतनी बड़ी संख्या में कलश यात्रा निकालकर दूसरा विश्व रिकॉर्ड भी बना डाला है। कथा के लिये बना ग्रेटर नोएडा का विशाल पांडाल दुनिया में हुए तमाम समारोह के पंडालों का छोटा कर चुका है। हांलांकि आयोजकों ने कोई क्लेम नहीं किया है किन्तु होने वाली दिव्य एवं भव्य कथा कोई बड़ा संदेश देने को तैयार है।

गौरतलब है कि 20 जनवरी 2023 को छत्तीसगढ़ में एक धार्मिक समारोह के दौरान पीली साड़ी पहन कर सबसे बड़ी कलश यात्रा निकालने का विश्व रिकॉर्ड बनाया गया था। इस कलश यात्रा में 25 हजार महिलाओं ने हिस्सा लिया था और विश्व रिकॉर्ड का खिताब शहर के नाम हो गया था। ग्रेटर नोएडा के आयोजकों द्वारा एक लाख श्रद्धालुओं द्वारा कलश यात्रा निकालने का कार्यक्रम प्रस्तावित था लेकिन भारी वर्षा होने के कारण संख्या कुछ कम रह गई। निसंदेह ग्रेटर नोएडा में निकाली गई कलश यात्रा में विश्व रिकॉर्ड तोड़ दिया है। संख्या का आकलन तो पूरी तरह नहीं किया जा सकता है निसंदेह 25 हजार से अधिक श्रद्धालु इस कलश यात्रा शामिल हुए हैं।

किसके नाम है विश्व रिकार्ड
25 हजार से ज्यादा महिलाएं वो भी एक ही रंग के परिधान में, हर एक के सिर पर रखा था पीला कलश। जी हां, सुनकर अचरज जरूर हो रहा होगा, लेकिन छत्तीसगढ में महासमुंद जिले के बसना नगर की महिलाओं ने मिलकर एक विश्व कीर्तिमान बना दिया थस। ये गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड्स में दर्ज हुआ था। सफल कीर्तिमान के बाद कार्यक्रम के संयोजक एवं नीलांचल सेवा समिति के संथापक डॉ. संपत अग्रवाल को गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड टीम ने दो-दो गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स कायम करने के प्रशस्ति पत्र प्रदान किए थे। इनमें पहला एक समान परिधान में सबसे ज्यादा महिलाएं और दूसरा सबसे लंबी कलश यात्रा का रिकॉर्ड शामिल रहा था। इस दौरान गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड एशिया प्रमुख मनीष विश्नोई एवं गिरीश नागवंशी मौजूद थे, जिन्होंने कलश यात्रा कार्यक्रम पर बारीकी से नजर रखी हुई थी।

पंडाल का भी है विश्व रिकॉर्ड
पूरे विश्व में अभी तक सबसे बड़े टैंट का निर्माण 20 जनवरी 2022 में चीन के जिलिन मैं हुआ था। इसमें सबसे लंबा तंबू 127 मीटर लंबा और 65 मीटर चौड़ा था। ग्रेटर नोएडा में लग रहा यह टैंट भारत में अभी तक हुई कथाओं की तुलना सबसे बड़ा है। आयोजकों को यहां 12 लाख से अधिक श्रद्धालु आने की संभावना है। लगाये गये टैंट की लम्बाई एक हजार फुट और चौड़ाई तीन सौ फुट है। सुरक्षा के लिहाज से सेवादारों के अलावा गार्ड एवं पुलिस बल मौजूद रहेगा। सेवादारों, आयोजक मंडल, अतिथियों, पत्रकारों को पास उपलब्ध कराए जाएंगे। सीसी कैमरों से भी निगरानी रहेगी।