बच्चों में धर्म और संस्कार की शिक्षा अवश्य दी जानी चाहिए : परमपूज्य चिन्मयानंद बापू

बच्चों में धर्म और संस्कार की शिक्षा अवश्य दी जानी चाहिए : परमपूज्य चिन्मयानंद बापू

श्री विष्णु महायज्ञ' का तीसरा दिन

नोएडा: महर्षि आश्रम, सेक्टर-110, नोएडा, स्थित रामलीला मैदान में ब्रह्मलीन परम पूज्य महर्षि महेश योगी जी की दिव्य प्रेरणा से राष्ट्र की समृद्धि, शांति और विकास के लिए 'श्री विष्णु महायज्ञ' के साथ परमपूज्य चिन्मयानंद बापू जी के श्रीमुख से तृतीय दिवस कथा का श्रवण करने का अवसर श्रद्धालुओं को प्राप्त हुआ ।
रामलीला मैदान, महर्षि आश्रम नोएडा में चल रही श्रीमद् भागवत कथा में तृतीय दिवस के शुभारंभ में परम पूज्य संत श्री चिन्मयानंद बापूजी ने कहा की धुंधकारी और गोकर्ण के संवाद से हमें यह शिक्षा लेनी चाहिए कि हम अपने बच्चों को धन यदि थोड़ा कम भी दें तो कोई बात नहीं, परंतु धर्म की शिक्षा अवश्य देनी चाहिए। क्योंकि यदि बच्चों के अंदर से धर्म और संस्कार चले जाएंगे तो हम कितना भी धन उनको कमा कर रख देंगे, एक ना एक दिन वे उसको नष्ट ही कर देंगे। इसलिए अपने बच्चों में संस्कार दें। बापूजी ने कहा कि पुराने समय में हम अपने बच्चों को भगवान के मंदिर में ले जाकर भगवान के विषय में उनको बताते थे। भगवान का दर्शन कराते थे। घर में भी मां-बाप बच्चों को भगवान की सुंदर-सुंदर कथाएं सुनाते थे। लेकिन आज कल व्यस्ततम जीवन में हम अपने काम-काज में इतने व्यस्त हो गए कि हमने अपने बच्चों को संस्कार तो छोड़ो, समय देना भी कम कर दिया। इसीलिए आज व्यास पीठ के माध्यम से बापूजी ने कहा कि हम अपने बच्चों को संस्कार अवश्य प्रदान करें। 

आगे भागवत कथा के प्रथम स्कंध में सभी को प्रणाम करते हुए श्री सूत जी द्वारा पूछे गए प्रश्नों का उत्तर देते हुए श्रीमद् भागवत कथा का शुभारंभ किया। कपिल देव भगवान और देवहूति माता का संवाद सुनाते हुए पूज्य संत श्री चिन्मयानंद बापूजी ने कहा कि हम अपने जीवन को विषयों में बर्बाद ना करें। जीवन बड़ा अमूल्य है और हमें एक बार ही परमात्मा ने कृपा करके यह मानव शरीर दिया है। इसलिए हम भौतिक विषयों का परवाह न करते हुए परमात्मा के श्री चरणों से लगाते हुए परमात्मा का ध्यान करें। श्रीमद् भागवत कथा कार्यक्रम के चतुर्थ दिवस यानि कल कथा के माध्यम से भगवान श्री राम और भगवान श्री कृष्ण का जन्म उत्सव धूम-धाम से पंडाल में मनाया जाएगा ।

इस पावन और पवित्र कार्यक्रम श्री विष्णु महायज्ञ और श्रीमद भागवत कथा के प्रणेता  श्री अजय प्रकाश श्रीवास्तव- अध्यक्ष, महर्षि संस्थान, निशि श्रीवास्तव, हिमा श्रीवास्तव, राहुल भारद्वाज- उपाध्यक्ष, महर्षि संस्थान, पंकज शर्मा- सह संरक्षक, आयोजन समिति,  यादवेंद्र सिंह- अध्यक्ष, प्रबंध समिति, श्री शिशुपाल सिंह, श्री यल. यस. सोम, श्री विनोद दीक्षित, यस पी गर्ग, लल्लन पाठक, श्रीकांत ओझा,  शिशिर कांत श्रीवास्तव, विनीत श्रीवास्तव, गिरीश अग्निहोत्री, रामेन्द्र सचान- संयोजक, आयोजन समिति, उमाशंकर श्रीवास्तव, बालकिशन पुरवार, लक्ष्मीकांत दुबे, नारायण, दयाशंकर गुप्ता, संतोष वर्मा, राजेंद्र शुक्ला, संजय सिन्हा, श्रीकांत अगस्ती, कमलेश यादव, शशिभूषण यादव, धर्मेंद्र शर्मा, राजेंद्र खंतवाल, नरेंद्र सिंह एवं महर्षि परिवार के सैकड़ों लोग उपस्थित होकर कथा श्रवण कर लाभ उठाएं।