यमुना एक्सप्रेसवे के औद्योगिक क्षेत्रों पर टोल शुल्क को लेकर उद्यमियों में चिंता : सुरेंद्र सिंह नाहटा
एमएसएमई इंडस्ट्रियल एसोसिएशन की बैठक आयोजित
यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) द्वारा विकसित औद्योगिक क्षेत्रों को बेहतर कनेक्टिविटी और विश्वस्तरीय आधारभूत सुविधाओं के साथ उद्योगों के लिए आकर्षक गंतव्य के रूप में प्रस्तुत किया गया था। हालांकि, औद्योगिक क्षेत्रों विशेषकर सेक्टर-32 तक पहुंचने के लिए लगने वाले टोल शुल्क को लेकर उद्योगपतियों में चिंता बढ़ रही है। उद्यमियों का कहना है कि यदि उद्योग संचालकों, कर्मचारियों, सप्लायरों और परिवहन वाहनों को प्रतिदिन अतिरिक्त टोल का भुगतान करना पड़ेगा, तो इससे उत्पादन लागत बढ़ेगी और औद्योगिक विकास प्रभावित हो सकता है।
इसी विषय पर एमएसएमई इंडस्ट्रियल एसोसिएशन की एक महत्वपूर्ण बैठक एसोसिएशन के अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह नाहटा के नेतृत्व में आयोजित की गई। बैठक में उपस्थित उद्यमियों ने इस मुद्दे पर विस्तार से चर्चा की और कहा कि औद्योगिक क्षेत्रों के विकास के लिए सुगम आवागमन, उचित लागत और बेहतर आधारभूत सुविधाएं आवश्यक हैं।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि इस विषय में प्रदेश सरकार एवं माननीय मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर औद्योगिक क्षेत्रों में कार्यरत उद्यमियों और कर्मचारियों के लिए टोल शुल्क में उचित राहत प्रदान करने का अनुरोध किया जाएगा। साथ ही, एक प्रतिनिधिमंडल द्वारा संबंधित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों से मुलाकात करने पर भी विचार किया गया।
बैठक में महासचिव शिव कुमार राणा, कोषाध्यक्ष रमेश राठौर, सचिव दिलशाद अहमद सहित क्षेत्र के अनेक उद्योगपति एवं उद्यमी उपस्थित रहे। इनमें नसीम खान, शहजाद, शिव पंडित, अनीस खान, हाजी हकीमुद्दीन, आर.एस. शर्मा, श्रीमती अनीता मिश्रा तथा अन्य कई उद्यमियों ने अपने विचार रखे। उपस्थित उद्यमियों ने आशा व्यक्त की कि उद्योगों के हितों को ध्यान में रखते हुए इस विषय पर सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा।


