आर्या फैशन्स ने आज विशेष बच्चों के लिए किया हस्तशिल्प कला प्रशिक्षण का आयोजन
"ऑपरेशन अपराजेय" के विजन को आगे बढ़ाते हुए कौशल विकास से सशक्त होंगे विशेष बच्चे
ग्रेटर नोएडा – समाज सेवा और कौशल विकास की दिशा में एक नई मिसाल पेश करते हुए आज आर्या फैशन्स द्वारा *बड़े स्तर पर* एक हृदयस्पर्शी पहल की गई। आर्या फैशन्स की संस्थापिका एवं सामाजिक कार्यकर्ता डॉ. खुशबू सिंह के नेतृत्व में कंपनी परिसर में विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए *हस्तशिल्प कला प्रशिक्षण कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया।

कार्यक्रम की मुख्य अतिथि गौतम बुद्ध नगर की पुलिस कमिश्नर
लक्ष्मी सिंह ने कहा कि "विशेष बच्चों की प्रतिभा को निखारने के लिए समाज और उद्योगों को आगे आना होगा। ऑपरेशन अपराजेय का उद्देश्य ही यही है कि हर बच्चे को सम्मान, सुरक्षा और अवसर मिले।"
उनके साथ राजीव नारायण मिश्रा, संयुक्त पुलिस आयुक्त, डीआईजी, श्रीमती सुनीति, डीसीपी एवं ऑपरेशन अपराजेय की नोडल अधिकारी, एसीपी इकोटेक-3 राजीव, एसएचओ इकोटेक-3 और चौकी इंचार्ज सहित पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

इस मुहिम की प्रेरणा पुलिस कमिश्नरेट, गौतम बुद्ध नगर द्वारा 9 जून 2026 को लॉन्च किए गए "ऑपरेशन अपराजेय" से मिली है। यह ऑपरेशन विशेष बच्चों की सुरक्षा, संरक्षण और कौशल विकास के लिए शुरू किया गया था।
डॉ. खुशबू सिंह ने बताया कि पुलिस कमिश्नर श्रीमती लक्ष्मी सिंह के विजन और मार्गदर्शन को आगे बढ़ाते हुए आर्या फैशन्स ने यह कदम उठाया है ताकि इन बच्चों का कौशल विकास, मानसिक विकास और आर्थिक सशक्तिकरण सुनिश्चित हो सके।
कार्यक्रम के दौरान पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने आर्या फैशन्स की संस्थापिका डॉ. खुशबू सिंह की विशेष सराहना करते हुए कहा कि "एक महिला उद्यमी होने के नाते डॉ. खुशबू सिंह की यह पहल बेहद प्रेरणादायक है। हम आशा करते हैं कि आर्या फैशन्स से प्रेरणा लेकर और भी संस्थाएं आगे आएंगी और इन बच्चों को सिर्फ आर्थिक मदद देने की बजाय कौशल विकास के माध्यम से उन्हें आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास करेंगी। आर्या फैशन्स ने हमारे ऑपरेशन अपराजेय के विजन को आगे बढ़ाया है, इसके लिए हम हृदय से आभार व्यक्त करते हैं और डॉ. खुशबू सिंह जी को साधुवाद देते हैं।"
इस पूरे कार्यक्रम की रूपरेखा में आर्या फैशन्स के MD अभिषेक चौहान जी* और उनकी समस्त टीम बच्चों को प्रशिक्षण देने में बिल्कुल एकाग्रचित होकर लगी हुई थी। आर्या फैशन्स के सभी वरिष्ठ कर्मचारी और वरिष्ठ कारीगरों ने हर बच्चे को यह प्रशिक्षण देने में अपना पूरा योगदान दिया। टीम ने बड़े धैर्य और प्रेम के साथ बच्चों को गहने बनाना सिखाया।
इस कार्यक्रम में अभय रेनबो किड्स फाउंडेशन की प्रिंसिपल मिस दिशा कपूर जी और उनकी पूरी टीम शामिल रही। साथ ही *अभय रेनबो किड्स फाउंडेशन के करीबन 30 विशेष बच्चे* भी उपस्थित थे। इन बच्चों में ऑटिज्म, डाउन सिंड्रोम और अन्य संवेदनशील बच्चे शामिल हैं।
आर्या फैशन्स की सोच रही कि जिस तरह हम गाँव की महिलाओं को हुनर देकर आत्मनिर्भर बना रहे हैं, उसी तरह इन विशेष बच्चों के जीवन में भी रोशनी लाने का प्रयास किया जाए। इसी सोच के साथ आज कंपनी की इकाई में बच्चों को हस्तशिल्प के माध्यम से गहने बनाने, पैकिंग और छोटे-छोटे क्राफ्ट का प्रशिक्षण दिया गया।
कार्यक्रम के दौरान आर्या फैशन्स की टीम और प्रशिक्षुओं ने बच्चों के सामने आभूषण निर्माण का लाइव डेमो दिया। बच्चों ने भी उत्साह के साथ सीखा, सवाल पूछे और अपने हाथों से चीजें बनाकर बहुत खुशी जाहिर की। माहौल पूरी तरह प्रेरणा और सकारात्मकता से भरा हुआ था।
डॉ. खुशबू सिंह ने कहा कि "यह केवल एक दिन का कार्यक्रम नहीं है। आर्या फैशन्स आगे भी इन विशेष बच्चों को निःशुल्क सामग्री और तैयार उत्पाद उपलब्ध कराएगा। हमारी टीम समय-समय पर स्कूल जाकर प्रशिक्षण देगी और हर संभव सहयोग करेगी ताकि इन बच्चों का कौशल विकास के साथ-साथ मानसिक और आर्थिक विकास भी हो सके।"
आज आर्या फैशन्स की टीम और इन विशेष बच्चों के बीच आत्मीयता का एक नया रिश्ता कायम हुआ। सभी अतिथियों ने इस पहल की सराहना की और कहा कि इस तरह की पहल समाज के लिए एक मिसाल है और अन्य उद्योगों को भी इससे प्रेरणा लेनी चाहिए।


