आईएमएस-डीआईए में वीव श्रृंखला का तृतीय संस्करण संपन्न

आईएमएस-डीआईए में वीव श्रृंखला का तृतीय संस्करण संपन्न

नोएडा। आईएमएस डिजाइन एवं इनोवेशन एकेडमी में महिला उद्यमियों के सशक्तिकरण एवं कौशल विकास के उद्देश्य से वीव श्रृंखला के तृतीय संस्करण का आयोजन किया गया। संस्थान परिसर में आयोजित इस दो दिवसीय कार्यक्रम का आयोजन टेक्सटाइल सेक्टर स्किल काउंसिल (टीएससी) के सहयोग से संपन्न हुआ। कार्यक्रम के दौरान बतौर अतिथि एवं वक्ता अटल इनक्यूबेशन सेंटर (आईआईटी दिल्ली) के सीईओ आलोक पांडे, टेक्सटाइल सेक्टर स्किल काउंसिल की मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. स्वप्ना मिश्रा, कार्यक्रम मेंटर एवं एचआर इंजीनियर्स इंडिया लिमिटेड की पूर्व निदेशक सुश्री वीणा स्वरूप तथा आईएमएस के महानिदेशक प्रोफेसर (डॉ.) विकास धवन ने अपने विचार साझा किए।

कार्यक्रम का शुभारंभ करते हुए प्रोफेसर (डॉ.) विकास धवन ने कहा कि महिला उद्यमिता को प्रोत्साहित करना केवल आर्थिक विकास की दृष्टि से ही नहीं, बल्कि समाज में आत्मनिर्भरता एवं समावेशी विकास को सशक्त करने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि आईएमएस-डीआईए भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से महिला सशक्तिकरण को निरंतर बढ़ावा देता रहेगा। वहीं आईएमएस-डीआईए के वाइस प्रेसिडेंट चिराग गुप्ता ने अपने संदेश में कहा कि इस पहल का प्रमुख उद्देश्य महिला उद्यमियों को व्यावसायिक दक्षता बढ़ाने, नवाचार को अपनाने, व्यवसाय के मूल्य में वृद्धि करने तथा उद्यमिता विकास के नए अवसर उपलब्ध कराना है।

डॉ. स्वप्ना मिश्रा ने कौशल विकास की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि टेक्सटाइल एवं संबंधित क्षेत्रों में प्रशिक्षित महिला उद्यमी न केवल रोजगार सृजन कर सकती हैं, बल्कि आर्थिक सशक्तिकरण में भी अहम भूमिका निभा सकती हैं। अपने संबोधन में उन्होंने महिला उद्यमियों को आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और व्यावसायिक दृष्टिकोण विकसित करने की प्रेरणा दी। वहीं आलोक पांडे ने कहा कि नवाचार, सही मार्गदर्शन और मजबूत नेटवर्किंग के माध्यम से महिला उद्यमी अपने व्यवसाय को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकती हैं। वहीं

कार्यक्रम के दौरान सुश्री वीणा स्वरूप ने बताया कि इस दो दिवसीय कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को टेक्सटाइल एवं संबंधित क्षेत्रों में उद्यमिता के नवीन रुझानों, कौशल विकास, बाजार रणनीतियों, ब्रांडिंग तथा व्यवसाय के मूल्य में वृद्धि से जुड़े विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों द्वारा मार्गदर्शन प्रदान किया गया। साथ ही महिला उद्यमियों के लिए नेटवर्किंग एवं अनुभव साझा करने का प्रभावी मंच भी उपलब्ध कराया गया।

कार्यक्रम के दौरान विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े प्रतिष्ठित विशेषज्ञों एवं उद्योग जगत की जानी-मानी हस्तियों ने भी अपने अनुभव और व्यावहारिक सुझाव साझा किए। इनमें ब्लॉसम कोचर ग्रुप चेयरपर्सन डॉ. ब्लॉसम कोचर, ऑल इंडिया आर्टिज़न्स एंड क्राफ्टवर्कर्स वेलफेयर एसोसिएशन के कार्यकारी निदेशक सुश्री मीनू चोपड़ा, टेक्नोलॉजी स्किलिंग एवं मीडिया कम्युनिकेशंस वरिष्ठ प्रोफेशनल कामना जैन, आईएएन ग्रुप के इन्वेस्टमेंट लीड अभिषेक कक्कड़, बायोटेक इनोवेशन एवं पॉलिसी के वरिष्ठ लीडर सुश्री शिल्पी कोचर, इनोवेशन एक्सपर्ट एवं लीडरशिप कोच डॉ. अरविंद देशमुख, चानू क्रिएशंस की संस्थापक चिरोम इंदिरा, पर्पलएप्पल इंफोसिस्टम्स के संस्थापक अमृता वल्ली, रामजा जीनोसेंसर प्रा. लि के संस्थापक डॉ. पूजा गोस्वामी, फोर स्कूल ऑफ मैनेजमेंट के प्रोफेसर डॉ. अनीता त्रिपाठी लाल, अटायर वर्ल्ड लिमिटेड के संस्थापक डॉ. अनुराग ओबेरॉय शामिल रहे।