यथार्थ अस्पताल टीम ने की जटिल एड्रिनल कैंसर की सफल सर्जरी

यथार्थ अस्पताल टीम ने की जटिल एड्रिनल कैंसर की सफल सर्जरी

सर्जनों ने बाएं एड्रिनल वेन से IVC तक फैले ट्यूमर को हटाया, मरीज की बाईं किडनी को बचाया

नोएडा /नोएडा एक्सटेंशन : यथार्थ सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल की यूरोलॉजी टीम ने एक 38 वर्षीय महिला की जटिल कैंसर सर्जरी सफलतापूर्वक की। मरीज के बाएं एड्रिनल क्षेत्र में करीब 17 × 12 सेमी का बड़ा ट्यूमर था। ट्यूमर बाईं एड्रिनल वेन से बाईं किडनी की नस और फिर इन्फीरियर वेना कावा (IVC) तक फैल गया था।

मरीज अस्पताल में असामान्य गर्भाशय रक्तस्राव की शिकायत लेकर आई थीं। इसकी जांच के दौरान डॉक्टरों को संयोग से बाएं एड्रिनल क्षेत्र में एक बड़ा ट्यूमर दिखाई दिया। इसके बाद CT स्कैन, MRI और FDG PET-CT जैसी जांच की गईं। जांच में ट्यूमर के आसपास की बड़ी नसों में फैलने की बात सामने आई।

हार्मोन की जांच में DHEA-S का स्तर काफी बढ़ा हुआ पाया गया, जिससे डॉक्टरों को ट्यूमर के एड्रिनल ग्रंथि से जुड़ा होने की आशंका हुई। PET-CT जांच में ट्यूमर में कैंसर की सक्रियता दिखाई दी, लेकिन शरीर के दूसरे हिस्सों में कैंसर फैलने के स्पष्ट संकेत नहीं मिले।

ट्यूमर के बड़े आकार और पेट की प्रमुख नसों तक इसके फैलने को देखते हुए मरीज की ओपन लेफ्ट एड्रिनलेक्टॉमी सर्जरी की गई। इस दौरान IVC से ट्यूमर को हटाया गया।

सर्जरी में बाईं किडनी को बचाया गया

इस सर्जरी में सबसे बड़ी चुनौती ट्यूमर का बाईं एड्रिनल वेन से बाईं रीनल वेन होते हुए IVC तक पहुंच जाना था। हालांकि, अच्छी बात यह थी कि ट्यूमर ने इन नसों की दीवारों को नुकसान नहीं पहुंचाया था।

इसका फायदा उठाते हुए सर्जिकल टीम ने ट्यूमर को नसों से सावधानीपूर्वक अलग करके पूरी तरह निकाल दिया। इससे बड़ी रक्त वाहिकाओं को काटने या हटाने की जरूरत नहीं पड़ी और मरीज की बाईं किडनी को भी सुरक्षित रखा जा सका।

सर्जनों ने एड्रिनल वेन के आसपास चीरा लगाकर रक्त प्रवाह को नियंत्रित किया और ट्यूमर को सावधानीपूर्वक बाहर निकाला। ट्यूमर को पूरी तरह निकालने के साथ-साथ बाईं रीनल वेन और IVC को भी सुरक्षित रखा गया।

इस जटिल सर्जरी में बाईं किडनी को बचाना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि रही। 

सर्जरी के बाद ट्यूमर की जांच में एड्रिनोकोर्टिकल कार्सिनोमा (ACC) की पुष्टि हुई। इसकी स्टेज pT4 थी। जांच में यह भी पाया गया कि सर्जरी के दौरान निकाले गए ट्यूमर के किनारों पर कैंसर के कोई सेल नहीं थे, यानी ट्यूमर को पूरी तरह निकाल दिया गया था।

डॉ. प्रग्नेश देसाई, सीनियर डायरेक्टर एवं HOD, यूरोलॉजी, रीनल ट्रांसप्लांट, रोबोटिक्स एवं यूरो-ऑन्कोलॉजी ने कहा कि “जब एड्रिनल का बड़ा ट्यूमर बड़ी रक्त वाहिकाओं तक फैल जाता है, तो ऐसे मामलों में सही जांच, हार्मोन टेस्ट, सर्जरी की बेहतर योजना और विशेषज्ञों की टीम की जरूरत होती है। इस मामले में हम ट्यूमर और नसों में फैले ट्यूमर को पूरी तरह निकालने में सफल रहे और मरीज की बाईं किडनी को भी बचाया गया।”

एड्रिनोकोर्टिकल कार्सिनोमा एड्रिनल ग्रंथि के बाहरी हिस्से से होने वाला एक दुर्लभ और गंभीर प्रकार का कैंसर है। जब यह कैंसर आसपास की बड़ी रक्त वाहिकाओं तक फैल जाता है, तो सर्जरी काफी चुनौतीपूर्ण हो जाती है। ऐसे मामलों में सर्जरी की पहले से अच्छी योजना बनाना जरूरी होता है।

यह सफल सर्जरी यथार्थ सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल, नोएडा एक्सटेंशन की यूरोलॉजी टीम की जटिल एड्रिनल और पेट के पीछे के हिस्से से जुड़े कैंसर के इलाज की क्षमता को दर्शाती है। अस्पताल में कैंसर के इलाज के लिए आधुनिक जांच, पैथोलॉजी, क्रिटिकल केयर और विभिन्न विशेषज्ञों की सेवाएं उपलब्ध हैं।