MBA करने के बाद उठा रहे गांव की टट्टी, जाने किसने दिखाया आईना

MBA करने के बाद उठा रहे गांव की टट्टी,  जाने किसने दिखाया आईना

गाजीपुर सदर ब्लॉक स्थित फतुल्लहपुर से बरहट मार्ग पर बहादीपुर में प्रमुख समाज सेवी  सिद्धार्थ राय आज सड़क के किनारे ग्रामीणों के द्वारा की गई टट्टी की सफाई करते हुए नजर आए वहीं सफाई अभियान को

लेकर सिद्धार्थ राय ने कहा कि इस रास्ते से प्रतिदिन हमारा आना जाना हुआ करता है काफी दिनों से इस सड़क के किनारे ऐसी हालत देखने को मिलती थी कि अगर गलती से किनारे गए पैरों में गाड़ी में टट्टी का लगना आम बात हो गया था इस रास्ते से पढ़ने वाले छात्र-छात्राएं भी आते जाते हैं आम राहगीर भी इस रास्ते का प्रयोग करते हैं देखने को आलम यह मिलता है कि लोग इस सड़क से पहले ही अपना चेहरा छुपाते हो आगे को बढ़ते हैं यह देख कर मन में एक दिन विचार आया कि क्यों ना इस सड़क की सफाई की जाए एक

मुहिम चलाई जाए जिसके तहत इस सड़क को सुंदर सड़क बनाया जा सके इस मुहिम की शुरुआत के प्रथम दिन खंभों पर पेड़ पर टट्टी वाली सड़क का बोर्ड लगाया गया जिससे स्थानीय लोगों को शर्म महसूस हो और वह इस सड़क पर टट्टी ना करें बोर्ड लगाने के बाद कुछ अच्छाइयां दिखी लेकिन हमारा मुहिम था की इस सड़क को अब साफ सुथरा करना है इसके लिए हमने फरसा ,कुडाल ,झाड़ू ,पानी लेकर सड़क का सफाई करना प्रारंभ कर दिया और आज उस सफाई अभियान का सातवां दिन है और क्षेत्रीय लोग भी इस सफाई अभियान में सहयोग कर रहे हैं वही एक दादी जिनकी उम्र लगभग 80 साल की हो चुकी है उन्होंने कहा बाबू हमारे पास शौचालय नहीं है हमने दादी के लिए शौचालय बनवाना प्रारंभ कर दिया है दीपावली के दिन यह शौचालय दादी को दे दिया जाएगा जिसका नाम होगा दादी का शौचालय वही जब लाभार्थी दादी से बात किया गया था उन्होंने बताया कि हमारा पेंशन तो आता था लेकिन काफी सालों से बंद पड़ा हुआ है सरकारी सुविधा के नाम पर हमें कुछ भी प्राप्त नहीं होता है समाजसेवी सिद्धार्थ राय की पहल पर लोगों में चर्चा का विषय बना हुआ है की एमबीए करने के बाद कोई इस सफाई के काले को कैसे कर सकता है जबकि लोग अपने घरों के शौचालय को सफाई करने वाले को बुलाकर सफाई करवाते हैं लेकिन यह युवक जो इतनी अच्छी पढ़ाई करने के बाद एक सामाजिक कार्य के लिए लोगों को अग्रेषित भी करता है और पहली पंक्ति में चलकर सफाई भी करता है।