एमिटी विश्वविद्यालय में मनाया गया 10वां अंर्तराष्ट्रीय योग दिवस
नोएडा। एमिटी विश्वविद्यालय में आज ‘‘स्वंय और समाज के लिए योग ’’ पर आधारित 10वें अंर्तराष्ट्रीय योग दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस योग दिवस कार्यक्रम का शुभारंभ एमिटी विश्वविद्यालय की वाइस चांसलर डा बलविंदर शुक्ला, एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ इंडियन सिस्टम ऑफ मेडिसिन के मार्गदर्शक डा एस के श्रीवास्तव द्वारा किया गया। इस योग प्रशिक्षण सत्र में ग्लोबल आईआईटीएनस फॉर क्वांटम कॉन्शसनेस के 5 सदस्यों सहित एमिटी शिक्षकों और छात्रों ने भी हिस्सा लिया।
योग दिवस कार्यक्रम का शुभारंभ एमिटी विश्वविद्यालय की वाइस चांसलर डा बलविंदर शुक्ला ने कहा कि एमिटी विश्वविद्यालय में स्थापना के साथ ही योग प्रशिक्षक की नियुक्ती करके छात्रों और शिक्षकों को योग करने के लिए प्रोत्साहित किया जाता रहा है। जीवन मे ंप्रसन्न रहने के लिए स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मन का होना आवश्यक है जिसमे योग सदैव सहायक रहा है और एक स्वस्थ व्यक्ति ही समाज व राष्ट्र निर्माण में सहायक होता है। प्राचीन समय से योग हमारे जीवन को स्वस्थ बनाने का हिस्सा रहा है और हमारे देश के प्रधानमंत्री के प्रयासों से आज सारा विश्व योग से लांभावित हो रहा है।

एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ इंडियन सिस्टम ऑफ मेडिसिन के मार्गदर्शक डा एस के श्रीवास्तव ने संबोधित करते हुए कहा कि प्राचीन समय से योग सही तरीके से जीवन जीने का तरीका रहा है जो हमारे जीवन से जुड़े शारीरिक, मानसिक, भावनात्मक, आत्मिक और आध्यात्मिक सभी पहलुओं पर कार्य करता है।
कार्यक्रम के दौरान ग्लोबल आईआईटीएनस फॉर क्वांटम कॉन्शसनेस द्वारा इंटरनेशनल जनरल ऑन एंटरनल विज्डम एंड कांन्टेपोरेरी साइंस को लांच भी किया गया।
इस योग प्रशिक्षण सत्र में विभिन्न योग आसनों जैसे दंडासन, व्रकासन, व्रजासन, शंशाक आसन, मंडूक आसन, भुंजगासन, पवनमुक्तासन सहित मेडिटेशन व प्राणायाम जैसे नाड़ी शोधन प्रणायाम, कपालभाती प्राणायाम और भ्रामरी प्राणायाम आदि का प्रशिक्षण भी दिया। कार्यक्रम में एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ इंडियन सिस्टम ऑफ मेडिसिन के एसोसिएट प्रोफेसर डा संजय सिंह और एस्सीटेंट प्रोफेसर डा गरिमा जैसवाल, डा उमेश, श्री संजय भी उपस्थित थे।


