केन्द्र में मोदी सरकार और प्रदेश में योगी सरकार से हो रहा जन जन का विकास - एमएलसी प्रतिनिधि प्रदीप पाठक
बिरनो। दीनदयाल अन्त्योदय राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के अन्तर्गत गठित स्वयं सहायता समूहों, ग्राम संगठन, संकुल स्तरीय संघों के पदाधिकारियों, सदस्यों, मिल्क प्रोड्यूसर कम्पनियों तथा अन्य प्रोड्यूसर ग्रुप एफपीओ कैडर साखियां एवं विशेष रूप से लखपति दिदीयो के साथ प्रधानमंत्री जी द्वारा ऑनलाइन संवाद कार्यक्रम का बिरनो ब्लॉक परिसर आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विधान परिषद के सदस्य विशाल सिंह चंचल के प्रतिनिधि डॉ प्रदीप पाठक एवं विशिष्ट अतिथि भाजपा नेता प्रवीण सिंह रहे। इस अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने ‘आत्मनिर्भर नारीशक्ति से संवाद’’ में भाग लिया और आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से दीनदयाल अंत्योदय योजना-राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (डीएवाई-एनआरएलएम) के तहत प्रमोट किए गए महिला स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) की सदस्यों/सामुदायिक संसाधन सदस्योंग के साथ संवाद किया। ।

इस मौके पर एमएलसी प्रतिनिधि प्रदीप पाठक ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों और दीन दयाल अंत्योदय योजना से ग्रामीण भारत में एक नई क्रांति आई है। उन्होंने कहा कि पिछले 6-7 वर्षों में महिला स्वयं सहायता समूहों का यह आंदोलन तेज हुआ है। उन्होंने कहा कि आज देशभर में 70 लाख स्वयं सहायता समूह हैं जो 6-7 वर्षों के आंकड़े से तीन गुना अधिक है।डा प्रदीप पाठक ने इस सरकार से पहले के समय को याद किया जब करोड़ों बहनों के पास बैंक खाता नहीं होता था और वे बैंकिंग प्रणाली से कोसों दूर थीं। उन्होंने कहा कि इसी वजह से इस सरकार ने जन धन खाते खोलने का व्यापक अभियान शुरू किया है। उन्होंने आगे कहा कि आज 42 करोड़ से अधिक जन धन खाते हैं, जिनमें से करीब 55 प्रतिशत खाते महिलाओं के हैं।उन्होंने कहा कि बैंकों से कर्ज लेना आसान बनाने के लिए ये बैंक खाते खोले गए।
विशिष्ठ अतिथि प्रवीण सिंह ने कहा कि इस सरकार ने राष्ट्रीय आजीविका मिशन के तहत बहनों की जितनी मदद की है। वह पिछली सरकार से कई गुना ज्यादा है। स्वयं सहायता समूहों को लगभग 4 लाख करोड़ रुपये का असुरक्षित ऋण भी उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने कहा कि पिछले 7 वर्षों में स्वयं सहायता समूहों ने बैंकों को ऋण चुकाने की दिशा में भी अच्छा काम किया है। एक समय था जब लगभग 9 प्रतिशत बैंक ऋण गैर निष्पादित परिसंपत्ति (एनपीए)बन गए थे। अब यह घटकर 2-3 प्रतिशत पर आ गया है। उन्होंने स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं की ईमानदारी की सराहना की।प्रधानमंत्री ने स्वयं सहायता समूहों से राष्ट्र निर्माण के प्रयासों को अमृत महोत्सव से भी जोड़ने का आग्रह किया।

इस मौके पर ब्लॉक प्रमुख राजन सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि 8 करोड़ से अधिक बहन-बेटियों की सामूहिक शक्ति से अमृत महोत्सव को नई ऊंचाइयों पर ले जाया जा सकेगा। उन्होंने सरकार द्वारा महिलाओं के लिए पोषण संबंधी जागरूकता अभियान, कोविड-19 के टीके लगाने, गांवों में स्वच्छता और जल संरक्षण जैसे चलाए जा रहे अभियानों का भी उदाहरण दिया और कहां की महिलाओं के सम्मान पर एक जुट होकर मां भारती की रक्षा के लिए विपक्ष को मुंहतोड़ जवाब देते हुए तीसरी बार मोदी जी को प्रधानमंत्री बनाना है जिससे अपने यशस्वी प्रधानमंत्री मोदी जी देश को विकास के रूप में एक नई ऊंचाई प्रदान कर सकें ।

इस अवसर पर आशुतोश चतुर्वेदी, विनोद गुप्ता ग्राम प्रधान, मन्नू राजभर, मन्नू सिंह प्रधान, अमित सिंह,भरत सिंह प्रतिनिधि प्रमुख, बिपिन चौरसिया, कार्तिक प्रधान, गुड्डू गुप्ता, प्रदीप कुमार, आदि सहित वीसी सखियां उपस्थित रही। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही खण्ड विकास अधिकारी सीमा ने आये हुए सभी आगंतुक लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।


