योग, यज्ञ और आयुर्वेद से हम स्वस्थ रह सकते हैं-योगी प्रवीण आर्य
सेवा सदन का 16वां स्थापना दिवस समारोह सम्पन्न
गाज़ियाबाद। सेवा सदन के 16 वें स्थापना दिवस पर केंद्रीय आर्य युवक परिषद् के प्रदेश अध्यक्ष योगी प्रवीण आर्य के ब्रह्मत्व में 5,सत्यम एन्क्लेव कोट गांव में यज्ञ संपन्न हुआ।उन्होंने स्थापना दिवस पर आयोजकों को बधाई दी और पिछले 15 वर्षों में क्या प्राप्त किया और क्या करना शेष है? पर चिंतन करने के लिए विचार रखें और कहा कि योग,यज्ञ और आयुर्वेद से हम स्वस्थ रह सकते हैं।कोई भी मनुष्य रोगी होना व औषध सेवन करना नहीं चाहता परन्तु असंयमित जीवन,भोजन में असावधानी,वायु प्रदुषण,खाद्य पदार्थों में विषयुक्त रासायनिक खाद के प्रयोग व प्रभाव एवं कुछ अज्ञात कारणों से वह रोगी हो जाता है और उसे चिकित्सा की आवश्यकता पड़ती है।
यदि समय पर रोग के किसी लक्षण का पता चलने पर उसकी जांच कर सही रोग का पता लग जाये तो चिकित्सा से वह ठीक हो जाता है।रोग के प्रारम्भिक लक्षणों को देखकर भविष्य में होने वाले भयावह रोगों की एक प्रकार से चेतावनी की तरह लेना चाहिये।रोग ठीक हो जाये और भविष्य में वह व अन्य रोग न हों,उसके लिए अपनी जीवन शैली सुधारने के साथ संयमित जीवन व्यतीत करना चाहिए और भोजन को नियमित अर्थात् शरीर की प्रकृति के अनुरूप कर रोगों से बचा जा सकता है।यज्ञ भी मनुष्य को स्वस्थ रखने के साथ रोगों को दूर भगाता है,अतः उसे भी नियमित रूप से करना चाहिये।योग स्वस्थ रहने के लिए बिना व्यय की एक सबसे महत्पूर्ण व कारगर चिकित्सा है।
समारोह में डॉ विवेचना शर्मा (वैद्य) ने मां का जीवन में योगदान क्या है?पर एक सुंदर काव्य पाठ एवं विभा भारद्वाज ने योग गीत गाकर कर लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
चौधरी मंगल सिंह ने कहा कि स्वस्थ जीवन का मूल मंत्र सांस,पानी व भोजन ही हैं हम इसमें थोड़ा सा बदलाव करके मिशन 125 वर्ष स्वस्थ जीवन पूर्ण कर सकते हैं।
इस अवसर पर गीता चौधरी,सुरेश राणा,महिपाल सिंह,ए बी एल गुप्ता, एम के सेठ,सोनी राघव,वीरेंद्र कंडेरा, विनोद त्यागी, पवन रघुवंशी,हेमंत चौधरी,सुभाष शर्मा,सुभाष गुप्ता, रामधन यादव आदि ने भी अपने विचार रखे। शांतिपाठ एवं प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम सम्पन्न हुआ।


