ई डी के द्वारा छापेमारी में फंस सकती है कईयों की गर्दन, अंसारी खेमे में मची खलबली

ई डी के द्वारा छापेमारी में फंस सकती है कईयों की गर्दन,  अंसारी खेमे में मची खलबली

गाजीपुर : सरकार की टेढ़ी नजर के पहले से ही शिकार मुख्तार अंसारी के बाद अब उनके भाई बसपा सांसद अफजाल अंसारी भी इसकी गिरफ्त में आ गए हैं। सरकार से गैंगस्टर एक्ट में करीब 27 करोड़ की कुर्की के बाद अफजाल अंसारी के ईडी जांच में घिरने से उनकी मुश्किलें बढ़ सकती है। अफजाल अंसारी के घर व मुख्तार के करीबियों के यहां मिले रिकार्ड में कई की गर्दन फंस सकती है और इसकी जद में दोनों के कई और करीबी भी आ सकते हैं।

देश व प्रदेश में गुरुवार को एक साथ ईडी ने मुख्तार अंसारी और उसके भाई अफजाल अंसारी के आधा दर्जन से अधिक ठिकानों पर छापेमारी की। मुख्तार व उसके दोनों पुत्र तो ईडी के निशाने पर पहले से ही थी, लेकिन गुरुवार को ईडी की कार्रवाई की जद में बसपा सांसद अफजाल भी आ गए। ईडी की इस चौतरफा कार्रवाई से उनका पूरा परिवार सहम गया है। अफजाल और मुख्तार के करीबियों के यहां से कई अहम कागजात ईडी अपने साथ ले गई और उसकी पड़ताल कर रही है। इतना ही नहीं उनके मोबाइल को रीड करने के साथ ही आवश्यक डाटा को भी कब्जे में ले लिया।

रात में होटल में ठहरी थी ईडी की टीम, तड़के मारा छापा

: ईडी की करीब पांच टीम बुधवार की रात ही जनपद आ गई। यह सभी लोग शहर के होटल में रुके और तड़के ही एक साथ छापेमारी की। पूरी रात ईडी जनपद में ही रही, लेकिन इसकी भनक किसी को नहीं लगी। ईडी के अधिकारी 15 घंटे से अधिक तक घरों को खंगालती रही। अपने खाने-पीने की व्यवस्था भी ईडी ने स्वयं की थी।

गली में भी नहीं जाने दे रहे थे सीआरएफ जवान

: ईडी की छापेमारी के दौरान चारो जगह सीआरपीएफ के जवान थे। शहर के मिश्र बाजार में जहां विक्रम अग्रहरी और मुमताज का घर है, उस गली में तैनात सीआरपीएफ के जवान किसी को अंदर तक नहीं जाने दे रहे थे। कई बार मान-मनौव्वल करने पर जिसका घर था वह गए।

चोरी हो गया मोबाइल

मुहम्मदाबाद में सांसद अफजाल के आवास पर सीआरपीएफ के जवान दर्जनों की संख्या में थे। जिस गाड़ी से ईडी के अधिकारी वहां पहुंचे थे, उसका चालक बाहर गेट खोलकर आराम कर रहा था। इसी दौरान किसी ने उसका मोबाइल चुरा लिया। जब उसकी नींद खुली तो मोबाइल नहीं देखकर इधर-उधर काफी खोजबीन भी की, लेकिन नहीं मिला। उसने कोतवाली में मोबाइल चोरी की तहरीर दी है।